[1] हजारों हैं मेरे अल्फाज के दिवाने... मेरी खामोशी सुनने वाला कोई होता तो क्या बात थी...!!! [3] वो तो आँखे थी जो सब सच बयाँ कर गयी... ...
ये तो शौक है मेरा, दर्द को अल्फाज़ो मे बयां करने का
[1] ये तो शौक है मेरा, दर्द को अल्फाज़ो मे बयां करने का... नादान लोग हमे युं ही शायर समझ लेते है...!!! [2] वो साथ थे तो एक लफ़्ज़ ना निकल...
ग़लती ज़िन्दगी का एक पन्ना है
Saturday, 22 August 2015
[1] जब सवालों के जवाब मिलने बंद हो जायें, तो समझ लो एक मोड़ लेना है, रास्ते और रिश्ते दोनों में!! [2] दुआ करो वो सिर्फ हमारे ही रहे, क्...
मत पूछो उसके प्यार करने का अंदाज़ कैसा था
[1] चुपके से गुजार देंगे ज़िन्दगी नाम तेरे, लोगो को बताएंगे फिर प्यार ऐसे भी होता है!! [2] मत पूछो उसके प्यार करने का अन्दाज कैसा था, उसन...
तेरा शुक्रगुज़ार हूं रब इन रूसवाईयों के लिए
Wednesday, 19 August 2015
[1] तेरा शुक्रगुज़ार हूं रब इन रूसवाईयों के लिए.. ये ना होती तो शायद तुझे मै याद भी ना करता!! [2] वो अक्सर हमे कहते है कि तुम रंग बदलते...
जिसको देखा नही उसे सब खुदा कहते है
"रब" ने नवाजा हमें जिंदगी देकर, और हम "शौहरत" मांगते रह गये। जिंदगी गुजार दी शौहरत के पीछे, फिर जीने की "मौहल...
वो एक ख्वाब था
वो एक ख्वाब था उसके लिए एक ऐसा ख़्वाब जिससे हकीकत में मिलना न वो चाहती थी और न ख़्वाब ही इसकी इजाजत देता था। ख्वाब में उससे मिलना बतियाना सीधे...
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